कविता
| तारीख | लेखक | प्रतिसाद | |
|---|---|---|---|
| भेट घ्यायची ओढ लागली | पाषाणभेद | 5 | |
| भेट घ्यायची ओढ लागली | पाषाणभेद | 0 | |
| मी? - एक मासा! | निनाव | 8 | |
| मी? - एक मासा! | निनाव | 0 | |
| जिंदगी क्या राज ही ? | बन्या बापु | 3 | |
| जिंदगी क्या राज ही ? | बन्या बापु | 0 | |
| प्रेरणा (शिर्षक बदल). | निनाव | 10 | |
| प्रेरणा (शिर्षक बदल). | निनाव | 0 | |
| शेतकरी गीत: शेतात आंतरपीक आपण करू | पाषाणभेद | 4 | |
| शेतकरी गीत: शेतात आंतरपीक आपण करू | पाषाणभेद | 0 | |
| काय वाटल असेल माझ्या जीवाला........... | शिल्पा कांबळे | 7 | |
| काय वाटल असेल माझ्या जीवाला........... | शिल्पा कांबळे | 0 | |
| कठीण आहे कधी कधी | निनाव | 4 | |
| कठीण आहे कधी कधी | निनाव | 0 | |
| समुद्र भरल्या डोळ्यांनी | तीन फुल्या तीन बदाम | 4 | |
| समुद्र भरल्या डोळ्यांनी | तीन फुल्या तीन बदाम | 0 | |
| गारूड्याचा नागूबा मस्ती करतोय रं | पाषाणभेद | 18 | |
| गारूड्याचा नागूबा मस्ती करतोय रं | पाषाणभेद | 0 | |
| कविता माझी | निनाव | 7 | |
| कविता माझी | निनाव | 0 |