कविता
| तारीख | लेखक | प्रतिसाद | |
|---|---|---|---|
| रानपाखरं.......! | psajid | 0 | |
| रानपाखरं.......! | psajid | 7 | |
| <<<< उपकृमी वाढे खात्यात >>> | सुहास.. | 0 | |
| <<<< उपकृमी वाढे खात्यात >>> | सुहास.. | 15 | |
| रसिका | अज्ञातकुल | 0 | |
| रसिका | अज्ञातकुल | 4 | |
| पाऊले चालती ठाकुर्लीची वाट | धन्या | 0 | |
| पाऊले चालती ठाकुर्लीची वाट | धन्या | 31 | |
| "परिस्थिती" | अमेय६३७७ | 0 | |
| "परिस्थिती" | अमेय६३७७ | 13 | |
| आपल्याला सगळं कसं,साधं सोपं पाहिजे … | घन निल | 0 | |
| आपल्याला सगळं कसं,साधं सोपं पाहिजे … | घन निल | 2 | |
| बंधने | अज्ञातकुल | 0 | |
| बंधने | अज्ञातकुल | 2 | |
| समुद्र......!! | फिझा | 0 | |
| समुद्र......!! | फिझा | 7 | |
| कॉफीचं कॅथार्सिस अर्थात चिडचिड-ए-सोमवार | आदूबाळ | 29 | |
| कॉफीचं कॅथार्सिस अर्थात चिडचिड-ए-सोमवार | आदूबाळ | 0 | |
| निरलस | अज्ञातकुल | 0 | |
| निरलस | अज्ञातकुल | 4 |