कविता
| तारीख | लेखक | प्रतिसाद | |
|---|---|---|---|
| नातं तुझं माझं | नेहमी आनंदी | 1 | |
| नातं तुझं माझं | नेहमी आनंदी | 0 | |
| (हव्यास तू) | कौतुक शिरोडकर | 2 | |
| (हव्यास तू) | कौतुक शिरोडकर | 0 | |
| बायको ही सायको असते..डरकाळ्या आणि म्यांव..म्यांव | कानडाऊ योगेशु | 24 | |
| बायको ही सायको असते..डरकाळ्या आणि म्यांव..म्यांव | कानडाऊ योगेशु | 0 | |
| (रिमोट) | कौतुक शिरोडकर | 1 | |
| (रिमोट) | कौतुक शिरोडकर | 0 | |
| <पचन> | विजुभाऊ | 17 | |
| <पचन> | विजुभाऊ | 0 | |
| वाचन | कौतुक शिरोडकर | 12 | |
| वाचन | कौतुक शिरोडकर | 0 | |
| (बहुधा) | चेतन | 1 | |
| (बहुधा) | चेतन | 0 | |
| आभास तू.. | प्राजु | 16 | |
| आभास तू.. | प्राजु | 0 | |
| बहुधा | क्रान्ति | 19 | |
| बहुधा | क्रान्ति | 0 | |
| <?!#^&* भरीत *&^#!?> | प्रभो | 7 | |
| <?!#^&* भरीत *&^#!?> | प्रभो | 0 |